Sazerac cocktail isolated on white
अमेरिका की चौथी सबसे बड़ी शराब कंपनी सैजरैक बेंगलूरु की जॉन डिस्टिलरीज में अपनी ४३ प्रतिशत हिस्सेदारी बढ़ाकर ६० प्रतिशत तक करने के लिए बातचीत कर रही है। इस सम्बंध में बातचीत काफी आगे बढ़ चुकी है। अगर ऐसा हुआ तो यह उन कुछ सौदों में से एक होगा, जिसमें कोई विदेशी शराब कंपनी किसी भारतीय शराब कंपनी में बहुलांश हिस्सेदारी लेगी। इससे पहले डियाजियो ने साल २०१२ में विजय माल्या की यूनाइटेड स्पिरिट्स में बहुलांश हिस्सेदारी खरीदी थी। डियाजियो ने इसे २०२० में बढ़ाकर ५५.९ फीसदी कर लिया था।
जिन शर्तों पर चर्चा की जा रही है, उनके अनुसार कंपनी का प्रबंधन उसके भारतीय प्रवर्तक पॉल पी जॉन चलाते रहेंगे। जॉन ने साल १९९६ में कंपनी की स्थापना की थी और इस समय वे उसके चेयरमैन हैं। वॉल्यूम के लिहाज से जॉन डिस्टिलरीज देश की चौथी सबसे बड़ी शराब कंपनी है। इसका उत्पादन १२ स्थानों और आठ राज्यों में है। इसका प्रमुख ब्रांड ओरिजिनल चॉइस भारत में सबसे ज्यादा बिकने वाले लोकप्रिय व्हिस्की ब्रांडों में से एक है और दुनिया भर में बिकने वाली उन शीर्ष १० व्हिस्की में से एक है, जिनकी सालाना बिक्री १.१ करोड़ पेटी से ज्यादा है। इसके पास ब्रांडी, रम, प्रीमियम वाइन और सिंगल माल्ट के अन्य ब्रांड भी हैं। इनमें प्रीमियम पॉल जॉन सिंगल माल्ट भी शामिल है, जिसे ३० देशों में बेचा जाता है।

