विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्लूएचओ) की एक नई रिपोर्ट में बताया गया है कि हर साल 2.6 मिलियन मौतें शराब के सेवन के कारण होती हैं। जो कुल मौतों का 4.7 प्रतिशत है और 0.6 मिलियन मौतें साइकोएक्टिव ड्रग के सेवन के कारण होती हैं। शराब के सेवन से 2 मिलियन और ड्रग के सेवन से 0.4 मिलियन मौतें पुरुषों में होती हैं। शराब और मादक पेय के सेवन से होने वाले विकारों के इलाज पर डब्ल्यूएचओ की वैश्विक स्थिति रिपोर्ट, शराब और नशीली दवाओं के सेवन के सार्वजनिक स्वास्थ्य पर प्रभाव और दुनिया भर में शराब के सेवन और मादक द्रव्यों के सेवन से होने वाले डिसऑर्डर के इलाज की स्थिति पर 2019 के आंकड़ों के आधार पर एक व्यापक अपडेट प्रदान करती है। रिपोर्ट से पता चलता है कि दुनिया भर में अनुमानित 400 मिलियन लोग शराब और नशीली दवाओं के सेवन से होने वाले डिसऑर्डर से पीड़ित हैं। इसमें से 209 मिलियन शराब की खपत विश्व की आबादी में प्रति व्यक्ति कुल शराब की खपत 2010 में 5.7 लीटर से थोड़ी कम होकर 2019 में 5.5 लीटर हो गई। 2019 में प्रति व्यक्ति खपत का लेवल डब्ल्यूएचओ यूरोपीय क्षेत्र (9.2 लीटर) और अमेरिका के क्षेत्र (7.5 लीटर में देखा गया। शराब पीने वालों के बीच प्रति व्यक्ति शराब की खपत का स्तर औसतन प्रति दिन 27 ग्राम शुद्ध शराब है, जो लगभग दो गिलास वाइन, दो बोतल बीयर (33 सीएल या दो सर्विंग स्पिरिट 4 सीएल) के बराबर है। लोग शराब पर निर्भरता के साथ जी रहे थे।
डब्ल्यूएचओ के महानिदेशक डॉ. टेड्रोस एडनॉम घेब्रेयसस ने कहा कि एक हेल्दी, ज्यादा न्यायसंगत समाज बनाने के लिए हमें तत्काल साहसिक कार्य करने के लिए प्रतिबद्ध होना चाहिए जो शराब के सेवन के नकारात्मक स्वास्थ्य और सामाजिक परिणामों को कम करते हैं और मादक द्रव्यों के सेवन संबंधी विकारों के लिए उपचार को सुलभ और किफायती बनाते हैं। जिसमें सबसे ज्यादा संख्या यूरोपीय क्षेत्र और अफ्रीकी क्षेत्र में है। प्रति लीटर शराब के सेवन से होने वाली मृत्यु दर निम्न आय वाले देशों में सबसे ज्यादा और उच्च आय वाले देशों में सबसे कम है।
कैंसर, दिल की बीमारी घेर रही
शराब के अत्यधिक सेवन से कई तरह की समस्याएं सामने आती हैं। इनमें लीवर से जुड़ी बीमारियों से लेकर कैंसर तक शामिल है। रिपोर्ट में इस बात की भी पुष्टि हुई है कि 2019 में शराब की वजह से होने वाली 26 लाख मौतों में से 16 लाख मौतें गैर-संचारी रोगों जैसे कैंसर से 4,01000 और दिल की बीमारियों से 4,74,000 मौतें हुईं। इनके अलावा 7,24,000 मौतों के लिए दुर्घटनाएं तथा तीन लाख मौतों की वजह संक्रामक बीमारियां रहीं।
Scotch Whisky Association Appeals Against England’s New Single Malt Whisky Rules
Kerala Government Plans Strict Action Against Bars Serving Alcohol to People Below 2320 से 39 साल के युवा ज्यादा प्रभावित
शराब और नशीली दवाओं का सबसे ज्यादा शिकार 20 से 39 साल के युवा बन रहे हैं। शराब के 13 फीसदी शिकार इसी आयु वर्ग के लोग थे। स्वास्थ्य संगठन ने इस बात की भी पुष्टि की है कि 2019 में यूरोप और अफ्रीकी क्षेत्रों में सबसे ज्यादा मौतें दर्ज की गई हैं। यूरोप में प्रति लाख लोगों पर शराब की वजह से होने वाली मौतों की संख्या 52.9 थी तथा अफ्रीका में 52.2 रही। यूरोप को छोड़ दिया जाए तो कमजोर देशों में शराब के सेवन से जुड़ी मृत्यु दर सबसे अधिक है। जबकि उच्च आय वाले देशों में यह दर सबसे कम रही।

